Jyotish

कात्यायनी की कथा 

कात्यायनी की कथा  सतीश शर्मा चन्द्रहासोज्वलकरा शार्दूलवरवाहना। कात्यायनी शुभं दद्याद्देवी दानवघातिनी ।। माँ दुर्गाके छठवें स्वरूपका नाम कात्यायनी है। इनका कात्यायनी नाम पड़नेकी कथा इस प्रकार है-कत नामक एक प्रसिद्ध महर्षि थे। उनके पुत्र ऋषि कात्य हुए। इन्हीं कात्यके गोत्रमें विश्वप्रसिद्ध महर्षि कात्यायन उत्पन्न हुए थे। इन्होंने भगवती पराम्बाकी उपासना करते हुए बहुत वर्षोंतक बड़ी […]

कात्यायनी की कथा  Read More »

कूष्माण्डा माता की कथा 

कूष्माण्डा माता की कथा  सतीश शर्मा सुरासम्पूर्णकलशं रुधिराप्लुतमेव च। दधाना हस्तप‌द्माभ्यां कूष्माण्डा शुभदास्तु मे ॥ माँ दुर्गाजीके चौथे स्वरूपका नाम कूष्माण्डा है। अपनी मन्द, हलकी हँसीद्वारा अण्ड अर्थात् ब्रह्माण्डको उत्पन्न करनेके कारण इन्हें कूष्माण्डा देवीके नामसे अभिहित किया गया है। जब सृष्टिका अस्तित्व नहीं था, चारों ओर अन्धकार-ही-अन्धकार परिव्याप्त था, तब इन्हीं देवीने अपने ‘ईषत्’

कूष्माण्डा माता की कथा  Read More »

शैलपुत्री माता की कथा 

शैलपुत्री माता की कथा  सतीश शर्मा वन्दे वाञ्छितलाभाय चन्द्रार्धकृतशेखराम्। वृषारूद्धां शूलधरां शैलपुत्री यशस्विनीम् ।। माँ दुर्गा अपने पहले स्वरूपमें ‘शैलपुत्री’ के नामसे जानी जाती हैं। पर्वतराज हिमालयके वहाँ पुत्रीके रूपमें उत्पन्न होनेके कारण इनका यह ‘शैलपुत्री’ नाम पड़ा था। वृषभ स्थिता इन माताजीके दाहिने हाथमें त्रिशूल और बायें हाथमें कमल पुष्य सुशोभित है। यही नव

शैलपुत्री माता की कथा  Read More »

जाने भारतीय काल गणना व पंचांग के बारे में

pexels-photo-1454769-1454769.jpg

जाने भारतीय काल गणना व पंचांग के बारे में  ज्योतिष ज्ञान सतीश शर्मा पंचांग के पांच अंग,तिथि, वार,नक्षत्र, योग व करण,भारतीय मास,राशि,ग्रह व अन्य महत्वपूर्ण विषय।  राशि – राशि जिस प्रकार 12 महीने होते हैं उसी प्रकार 12 राशि होती है। मेष,वृषभ,कर्क, सिंह,कन्या,तुला,वृश्चिक,धनु,मकर,कुंभ व मीन। महीने – 12 महीने निम्नलिखित है। चैत्र,बैसाख,ज्येष्ठ,आषाढ़,श्रावण,भाद्रपद, आश्विन,कार्तिक,मार्गशीष॔,पौष,माघ,फाल्गुन। पक्ष को

जाने भारतीय काल गणना व पंचांग के बारे में Read More »

पापमोचनी एकादशी

पापमोचनी एकादशी सतीश शर्मा यह व्रत चैत्र मास की कृष्ण पक्ष एकादशी का किया जाता है। इसदिन भगवान विष्णु को अर्घ्यदान आदि देकर षोडशोपचार पूजा करनी चाहिए। भगवान विष्णु की पूजा, फलाहार या निर्जला व्रत करें। अगले दिन (द्वादशी) शुभ समय में पारण करें। पापमोचनी एकादशी का व्रत आत्मशुद्धि और भगवान विष्णु की कृपा पाने

पापमोचनी एकादशी Read More »

जाने नवरात्र तिथि,पूजा विधि व माता के नौ रूप

जाने नवरात्र तिथि,पूजा विधि व माता के नौ रूप सतीश शर्मा नवरात्रि के पहले दिन (प्रतिपदा) कलश स्थापना (घटस्थापना) शुभ मुहूर्त में की जाती है।  नवरात्रि पूजा व कलश स्थापना विधि – सुबह स्नान के बाद स्वच्छ कपड़े पहनें और पूजा स्थल को साफ करें, एक चौड़े मुंह वाले मिट्टी के पात्र में मिट्टी भरकर

जाने नवरात्र तिथि,पूजा विधि व माता के नौ रूप Read More »

नव विक्रमी संवत्सर 2083 का जीवन पर प्रभाव

नव विक्रमी संवत्सर 2083 का जीवन पर प्रभाव   सतीश शर्मा नव संवत्सर चैत्र शुक्ल प्रतिपदा से शुरू होता है। इस दिन हिंदू नववर्ष की शुरुआत भी होती है और चैत्र नवरात्रि भी शुरू होती है। इस साल विक्रम संवत 2082 की शुरुआत 19 मार्च 2026 से हो रही है। ब्रहापुराण अनुसार चैत्र शुक्ल प्रतिपदा को

नव विक्रमी संवत्सर 2083 का जीवन पर प्रभाव Read More »

मार्च मास 2026 का पंचांग 

मार्च मास 2026 का पंचांग  सतीश शर्मा भारतीय व्रतोत्सव मार्च -2026 दि. 1- प्रदोष व्रत,दि. 2- होलिका दहन, सत्यव्रत,दि. 3- श्री चैतन्य महाप्रभु ज., होलाष्टक समाप्त, खग्रास चन्द्र ग्रहण,दि. 4- होली, धुलैंडी, वसंतोत्सव, होला मेला आनन्दपुर साहिब,दि. 6- श्री गणेश चतुर्थी व्रत,दि. 8- रंग पंचमी, मेला नवचण्डी मेरठ,दि. 9- एकनाथ षष्ठी,दि.10- शीतला सप्तमी,दि. 11- शीतलाष्टमी

मार्च मास 2026 का पंचांग  Read More »

होली कैसे मनाए,दोष निवारण हेतु उपाय

होली कैसे मनाए,दोष निवारण हेतु उपाय  सतीश शर्मा होली, जिसे “रंगों का त्योहार” कहा जाता है, मुख्य रूप से बुराई पर अच्छाई की विजय के प्रतीक के रूप में मनाई जाती है। यह त्योहार भक्त प्रह्लाद और भगवान विष्णु की कथा के साथ-साथ, वसंत ऋतु के आगमन, प्रेम और आपसी भाईचारे का जश्न मनाता है। 

होली कैसे मनाए,दोष निवारण हेतु उपाय Read More »

शारदीय नवरात्र कलश स्थापना मुहर्त – 2025

  शारदीय नवरात्र – 2025     शारदीय नवरात्र – 2025 सतीश शर्मा ॐ खड्गं चक्रगदेषुचापपरिघात्र्छूलं भुशुण्डीं शिर:शङ्खं संदधतीं करैस्त्रिनयनां सर्वांगभूषावृताम्। नीलाश्म धुतिमास्यपाददशकां सेवे महाकालिकांयामस्तौव्स्वपिते ह्वरौ कमलजो हन्तुं मधुंकैटभम्।। शक्ति की साधना, ऋतुओं के संधिकाल में पड़ने वाला आध्यात्मिक ऊर्जा के संचयन का महापर्व शारदीय नवरात्र 22 सितंबर से शुरू होगा। ज्योतिषाचार्य सतीश शर्मा  बताते हैं

शारदीय नवरात्र कलश स्थापना मुहर्त – 2025 Read More »